जय कश्यप-नन्दन| Jay Kashyap Nandan | Surya Dev Ki Aarti Lyrics in Hindi and English * सूर्य देव आरती हिंदू धर्म में सूर्य उपासना का महत्वपूर्ण माध्यम मानी जाती है। भगवान सूर्य देव को ऊर्जा, प्रकाश, स्वास्थ्य, सफलता और जीवन शक्ति का प्रतीक माना गया है। विशेष रूप से रविवार को श्रद्धापूर्वक आरती करने की परंपरा है। इस लेख में Jai Kashyap-Nandan Om Jai Aditi-Nandan सूर्य देव आरती के संपूर्ण हिंदी लिरिक्स, English Transliteration, पूजा विधि और धार्मिक महत्व की जानकारी दी गई है। श्रद्धा से सूर्य आराधना करने से सकारात्मकता, आत्मविश्वास और जीवन में तेज व शक्ति बढ़ने की मान्यता है। * जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति-नन्दन। त्रिभुवन-तिमिर-निकन्दन, भक्त-हृदय-चन्दन।। टेक।। * सप्त-अश्व-रथ राजित, एक चक्रधारी। दुःखहारी, सुखकारी, मानस-मल-हारी।। जय।। * सुर-मुनि-भूसुर-वंदित, विमल विभवशाली। अघ-दल-दलन दिवाकर, दिव्य किरण माली।। जय।। * सकल-सुकर्म-प्रदाता, सविता शुभकारी। विश्व-विलोचन मोचन, भव-बंधन भारी।। जय।। * कमल-समूह-विकासक, नाशक जय तापा। सेवत सहज हत अत...